जीवंत, जिज्ञासु , जिंदादिल, इंसाफ पसन्द, सामाजिक सरोकारों के लिए प्रतिबद्ध, हँसमुख, चुटीले हास्य-व्यंग्य से सराबोर।।
रीत-प्रीत, नेह-निष्ठा, स्नेह-समर्पण को समेटे अद्भुत व्यवहार।।
मधुर वाणी, मानव मन के मंजे हुए पारखी, पुरुषार्थ प्रिय, पुस्तक प्रेमी, कला, ज्ञान कौशल के कुशल कलाकार।
उमंग, ऊर्जा, उत्साह व ईमानदारी से सुसज्जित अनुशासन प्रिय किरदार।
जैसे समन्वित गुणों की सांझी विरासत श्री अब्दुल वहीद खिलजी साहब ( प्रधानाचार्य महोदय-राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय-मकराना) को दीर्घ कालीन गौरवमयी राजकीय सेवा पूर्ण कर अधिवार्षिकी आयु प्राप्त करने के उपलक्ष्य पर सेवानिवृत्त होने की बधाई व अनंत अशेष मंगलकामनाएँ।
ऐसे शिक्षाप्रद जीवनमूल्यों से ओत-प्रोत, सरल, स्नेही, समर्पित व्यक्तित्व का समन्वय लिए कोई विरले ही व्यक्ति होते है।
आपने सदा अपने ज्ञान अपेक्षित वर्ग को गले लगाकर उनके सपनों की मंजिल को अपना कर्तव्यपथ बनाकर, पुर्ण ऊर्जा व मनोयोग के साथ शिक्षण रूपी स्नेह आशीष देते हुए उनके सपनों व इच्छाओं को पंख देकर नित नई ऊँचाईयां दी है।
जिसके लिए हम सब आपका हृदय से आभार व्यक्त करते है और परम् पिता परमात्मा से दुआ करते है कि आपके जीवन मे आने वाला प्रत्येक नया दिन वैभव, ऐश्वर्य, उन्नति, स्वास्थ्य, समृद्धि, प्रगति, प्रतिष्ठा, प्रसिद्धि व श्रीवृद्धि लेकर आये...✍️
आपके व्यक्तित्व के बारे में लिखने और बोलने को तो बहुत कुछ है पर मेरी कमजोर कलम व शिथिल वाणी इस विराट व्यक्तित्व के समक्ष बहुत बौनी नजर आती है।
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